विशेषता:
“Mehrangarh Fort and Museum में एक संग्रहालय है जिसमें राठौड़ शासकों के चित्र, वेशभूषा, हथियार और गोला-बारूद रखे गए हैं। इस संग्रहालय का निर्माण राव जोधा ने करवाया था और यह शहर से 410 फीट ऊपर स्थित है, जो मोटी और प्रभावशाली दीवारों से घिरा हुआ है। यह 15वीं शताब्दी का किला अब एक संग्रहालय के रूप में कार्य करता है, जिसमें तोपें, चित्रकला और भव्य शाही पालकियाँ प्रदर्शित की गई हैं। Mehrangarh Fort and Museum कला और सांस्कृतिक इतिहास के भंडार के रूप में अद्वितीय महत्व रखते हैं। किले की दीवारें, जो 36 मीटर तक ऊँची और 21 मीटर तक मोटी हैं, सुंदर नक्काशीदार लाल बलुआ पत्थर के महलों और उत्कृष्ट मंदिर वास्तुकला से घिरी हुई हैं। संग्रहालय में भारतीय इतिहास के मुगल काल की उत्कृष्टता और तकनीकों को दर्शाने वाले सबसे अच्छी तरह संरक्षित संग्रहों में से एक है।
2026 हाइलाइट्स: Mehrangarh Fort and Museum 1,200 एकड़ से अधिक क्षेत्र में फैला हुआ है। संग्रहालय में 16वीं शताब्दी के उत्तरार्ध से लेकर 19वीं शताब्दी ईस्वी तक की 3,000 से अधिक लघु चित्रों का संग्रह है।”








